महाभारत का वास्तविक स्वरूप

स्वामी दयानन्द सत्यार्थ प्रकाश में लिखते है कि – ” राजा भोज के राज्य में व्यास जी के नाम से मार्कन्डेय और शिवपुराण किसी ने बनाकर खड़ा किया था। उसका समाचार राजा भोज को होने से उन पंडितो को हस्तच्छेदनादि दंड दिया और उनसे कहा कि – “जो कोई ग्रंथ बनावे तो अपने नाम से बनावे,…

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